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15 अगस्त पर गूगल ने बनाया खास डूडल, अनेकता में एकता का दिया संदेश

 15 अगस्त पर गूगल ने बनाया खास डूडल, अनेकता में एकता का दिया संदेश


गूगल ने भारत के 79वें स्वतंत्रता दिवस पर एक विशेष डूडल बनाया है जिसमें देश की उपलब्धियों को दर्शाया गया है। बूमरैंग स्टूडियो के आर्टिस्ट मकरंद नारकर और सोनल वसावे द्वारा डिजाइन किए गए इस डूडल में अंतरिक्ष मिशनों शतरंज खिताबों क्रिकेट और फिल्म सम्मानों का जिक्र है। गूगल ने इसे भारत के स्वतंत्रता दिवस को मनाने के लिए शेयर किया है।

गूगल ने स्वतंत्रता दिवस पर शेयर किया डूडल


आज देश 15 अगस्त को अपना 79वां स्वतंत्रता दिवस मना रहा है। इस मौके पर दिग्गज सर्च इंजन गूगल ने एक खास डूडल बनाया है। इस डूडल में उन्होंने देश की उपलब्धियों को दर्शाया है। इस डूडल में अंतरिक्ष मिशनों और विश्व शतरंज खिताबों से लेकर क्रिकेट और अंतरराष्ट्रीय फिल्म सम्मान तक का जिक्र किया गया है। गूगल के इस डूडल को बूमरैंग स्टूडियो के आर्टिस्ट मकरंद नारकर और सोनल वसावे ने डिजाइन किया है।

गूगल ने इस डूडल के शेयर करते हुए लिखा कि - यह डूडल भारत के स्वतंत्रता दिवस को सेलिब्रेट करने के लिए शेयर किया जा रहा है। आज के दिन साल 1947 में भारत को ब्रिटिश हुकूमत की लगभग दो शताब्दियों बाद आजादी हासिल की और एक संप्रभु गणराज्य बना।







दिग्गज टेक कंपनी गूगल का यह भी कहना है कि भारतीय स्वतंत्रता आंदोलन का नेतृत्व महान नेताओं ने किया, जिन्होंने सविनय अवज्ञा और अहिंसा का मार्ग अपनाया। इन्हीं नेताओं के प्रयास के चलते भारत दुनिया के सबसे बड़े लोकतंत्र का निर्माण करने में सफल रहा है।

अनेकता में एकता का संदेश

गूगल ने इस खास डूडल को छह अलग-अलग टाइल में तैयार किया गया है। इनमें भारत के अलग-अलग राज्यों के कला शैली जैसे - राजस्थान की जयपुर ब्लू पॉटर, पश्चिम बंगाल की टेरेकोटा नक्खाशी से तैयार किया गया है। ये टाइलें भारत की स्थानीय कला के साथ-साथ अनेकता में एकता का संदेश भी देती हैं।

गूगल ने पिछले साल भी बनाया था डूडल

गूगल ने पिछले साल भी भारत के स्वतंत्रता दिवस पर डूडल तैयार किया था। इस डूडल में भारत की वास्तुकला को दर्शाया गया था। पिछले साल के डूडल को फ्रीलांस आर्टिस्ट वृंदा जवेरी ने बनाया था। उस डूडल में छह दरवाजे और खिड़कियां थी, जो देश की समृद्ध वास्तुकला को दर्शाती हैं। इसमें पारंपरिक डिजाइन को बारीकियों के दर्शाया गया था। इसमें राष्ट्रीय पक्षी मोर को भी शामिल किया गया था।

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